अवैध प्रवासियों को पीछे धकेला जाएगा: सीएम साहा

मुख्यमंत्री माणिक साहा ने पुष्टि की कि त्रिपुरा किसी भी परिस्थिति में बांग्लादेश या म्यांमार के अवैध प्रवासियों को भारतीय क्षेत्र में अनुमति नहीं देगा।
सीएम माणिक साहा
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अगरतला: त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने बुधवार को एक बार फिर दृढ़ता से दोहराया कि राज्य सरकार किसी भी परिस्थिति में बांग्लादेश और म्यांमार के अवैध प्रवासियों को भारतीय क्षेत्र में प्रवेश करने की अनुमति नहीं देगी।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि अगर सीमा पार से ऐसे घुसपैठिए भारतीय (त्रिपुरा) क्षेत्र में प्रवेश करने में कामयाब होते हैं, तो उन्हें कानूनी प्रावधानों के अनुसार वापस धकेल दिया जाएगा।

गृह विभाग संभालने वाले सीएम साहा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि भारत-बांग्लादेश सीमा पर सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) और दूसरे और तीसरे स्तर पर त्रिपुरा पुलिस और अन्य सुरक्षा बल किसी भी तरह की अवैध घुसपैठ के खिलाफ उच्चतम सतर्कता बरत रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने प्रज्ञा भवन में एक समारोह में नए भर्ती हुए खाद्य निरीक्षकों को प्रस्ताव पत्र वितरित करने के बाद यह बात कही। उन्होंने कहा कि बीएसएफ, पुलिस और अन्य सुरक्षा अधिकारी सीमा स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं।

केंद्रीय गृह मंत्रालय (एमएचए) ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को एक निर्देश जारी किया था, जिसमें उन्हें भारतीय नागरिक होने का दावा करने वाले संदिग्ध अवैध प्रवासियों की साख को सत्यापित करने और अयोग्य पाए जाने पर उनके निर्वासन के साथ आगे बढ़ने के लिए अपनी वैधानिक शक्तियों को लागू करने के लिए 30 दिन की समय सीमा दी गई थी।

उन्होंने कहा, 'हम इस बारे में बहुत स्पष्ट हैं। किसी भी बांग्लादेशी या रोहिंग्या को त्रिपुरा या भारतीय क्षेत्र में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। अगर कोई घुसपैठ करने में कामयाब हो जाता है, तो उन्हें कानून के अनुसार वापस धकेल दिया जाएगा। (आईएएनएस)

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